मणिपुर CM युम्नाम खेमचंद सिंह बोले — तीन साल का संकट भारी पड़ा, अब शांति की वापसी हो रही है
सारांश
मुख्य बातें
मणिपुर के मुख्यमंत्री युम्नाम खेमचंद सिंह ने बुधवार, 22 जुलाई को स्वीकार किया कि राज्य ने पिछले तीन वर्षों में असाधारण रूप से कठिन दौर झेला है, जिसने लोगों की आजीविका और मानसिक स्वास्थ्य दोनों को गहरी चोट पहुँचाई। साथ ही उन्होंने विश्वास जताया कि शांति, स्थिरता और सामान्य जनजीवन धीरे-धीरे लौट रहा है।
कार्यक्रम और वितरण का विवरण
मुख्यमंत्री इंफाल के सिटी कन्वेंशन सेंटर में आयोजित मणिपुर समाज कल्याण विभाग के लाभार्थी वितरण कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर ₹91.66 करोड़ की कल्याणकारी योजनाओं का वितरण किया गया और लगभग 2,40,758 लाभार्थियों को समाज कल्याण विभाग की 17 विभिन्न योजनाओं के तहत सहायता प्रदान की गई।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने एकीकृत मासिक पेंशन प्रसंस्करण प्रणाली का औपचारिक रूप से शुभारंभ भी किया, जिसे पेंशन वितरण को अधिक पारदर्शी और सुव्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से लागू किया गया है।
मुख्यमंत्री की बात — राहत और पुनर्निर्माण
सिंह ने कहा कि लंबे समय तक चले संकट ने आम नागरिकों को आर्थिक और मानसिक दोनों स्तरों पर बुरी तरह प्रभावित किया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने लोगों की आर्थिक कठिनाइयों को दूर करने के लिए विभिन्न पहल की हैं। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि यह कार्य प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के मार्गदर्शन में संभव हो सका है।
उन्होंने राज्य में रहने वाले सभी समुदायों के लोगों से अपील की कि वे स्वयं को मणिपुरी समझें और राज्य को एक बेहतर भविष्य की ओर ले जाने में सक्रिय भूमिका निभाएँ। उन्होंने कहा, 'शांति और परिश्रम — दोनों मिलकर ही विकास की नींव रखते हैं।'
सबसे अधिक प्रभावित वर्ग
अध्यक्षता भाषण देते हुए मुख्य सचिव पुनीत कुमार गोयल ने कहा कि हाल के वर्षों में राज्य के अनेक परिवारों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा है। उन्होंने विशेष रूप से उल्लेख किया कि महिलाओं, बच्चों, वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांगजनों, विधवाओं और आंतरिक रूप से विस्थापित व्यक्तियों (IDP) ने सबसे अधिक बोझ उठाया है।
गोयल ने कहा कि यह सबकी साझा जिम्मेदारी है कि समाज के हर वर्ग को वह देखभाल, सुरक्षा, सहायता और अवसर मिले जिनका वे हक रखते हैं। उन्होंने बुधवार के कार्यक्रम को समावेशी विकास और सामाजिक न्याय के प्रति सरकार की दृढ़ प्रतिबद्धता का प्रतीक बताया।
कार्यक्रम में उपस्थिति
इस अवसर पर कला, संस्कृति और पर्यटन मंत्री खुरैजाम लोकेन सिंह, विधायकगण, वरिष्ठ अधिकारी, लाभार्थी और छात्र भी उपस्थित रहे।
आगे की राह
यह कार्यक्रम ऐसे समय में हुआ है जब मणिपुर में जातीय हिंसा के बाद सामाजिक पुनर्निर्माण की प्रक्रिया जारी है। राज्य सरकार के अनुसार कल्याणकारी योजनाओं का यह वितरण उस दिशा में एक ठोस कदम है, हालाँकि विस्थापित परिवारों के पुनर्वास और दीर्घकालिक शांति की चुनौती अभी भी बनी हुई है।