TMC में बढ़ता असंतोष, अभिषेक बनर्जी का नेतृत्व स्वीकार नहीं: BJP विधायक दीपंजन गुहा का दावा
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के विधायक दीपंजन कुमार गुहा ने 4 जून को कोलकाता में तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर तीखा हमला बोलते हुए दावा किया कि पार्टी अब एक ‘एक-नेता वाली संरचना’ में सिमट गई है, जहाँ अभिषेक बनर्जी के नेतृत्व को स्वीकार करने वाला कोई वरिष्ठ नेता नहीं बचा। उन्होंने TMC को विचारधारा-विहीन और अंदरूनी कलह से जूझती हुई ‘कमज़ोर पार्टी’ बताया।
मुख्य आरोप
राष्ट्र प्रेस से बातचीत में गुहा ने कहा, ‘TMC को लेकर हमारा नज़रिया शुरू से ही साफ़ रहा है कि सत्ता जाने के बाद यह काँच के घर की तरह बिखर जाएगी। हमें हमेशा से ही इस बात का अंदेशा था।’ उनके अनुसार पार्टी का एकमात्र विषय ‘सत्ता की कुर्सी’ है और इसी कारण नेताओं का आपसी टकराव अनिवार्य था।
अभिषेक बनर्जी पर निशाना
BJP विधायक ने कथित तौर पर कहा कि TMC में अभिषेक बनर्जी के नेतृत्व को कोई स्वीकार नहीं कर रहा। उन्होंने दावा किया, ‘जिस भी नेता में थोड़ा भी स्वाभिमान बाकी होगा, वह उनके साथ काम नहीं कर सकता।’ यह बयान ऐसे समय में आया है जब पश्चिम बंगाल की सत्तारूढ़ पार्टी में पीढ़ीगत बदलाव को लेकर लगातार अटकलें चल रही हैं।
चंदननगर पार्षदों के इस्तीफे
गुहा ने बताया कि चंदननगर में सभी 30 पार्षदों ने इस्तीफा देकर अपनी ज़िम्मेदारियाँ छोड़ दी हैं। उनके अनुसार, इस स्थिति में जनता का कामकाज ठप न हो, इसलिए राज्य सरकार ने प्रशासनिक अधिकारियों को एडमिनिस्ट्रेटर (प्रशासक) के रूप में नियुक्त किया है। यह व्यवस्था स्थानीय निकाय चुनाव होने तक जारी रहेगी।
जनता पर असर और BJP का रुख
विधायक ने माना कि जनप्रतिनिधि न होने से लोगों को कुछ कठिनाइयाँ झेलनी होंगी, क्योंकि जनता और प्रशासन के बीच सीधा संपर्क घटेगा। उन्होंने कहा कि BJP कार्यकर्ताओं को स्थानीय स्तर पर जनता का सहयोग करने के निर्देश दिए गए हैं। गौरतलब है कि उन्होंने प्रशासक नियुक्ति के सरकारी फैसले की सराहना करते हुए कहा, ‘लोगों को अधिक समस्या न हो, इसलिए सरकार की इस व्यवस्था पर हम साधुवाद देते हैं।’
क्या होगा आगे
राजनीतिक हलकों में यह आरोप ऐसे समय आया है जब बंगाल में आगामी स्थानीय निकाय चुनावों की तैयारियाँ तेज़ हो रही हैं। आलोचकों का कहना है कि चंदननगर जैसे शहरी निकायों में पार्षदों के सामूहिक इस्तीफे TMC के संगठनात्मक तनाव की ओर इशारा करते हैं, हालाँकि पार्टी की ओर से इस पर आधिकारिक प्रतिक्रिया का अभी इंतज़ार है।