मणिपुर डीजीपी मुकेश सिंह का सभी जिलों में सुरक्षा समीक्षा दौरा, साइकिल पेट्रोलिंग को बताया बेहतरीन मॉडल
सारांश
मुख्य बातें
मणिपुर के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) मुकेश सिंह ने राज्य के सभी जिलों में जमीनी स्तर पर कानून-व्यवस्था की समीक्षा के लिए व्यापक दौरा शुरू किया है। 30 जून 2026 तक की रिपोर्टों के अनुसार, उन्होंने पहाड़ी जिलों में चल रही 'साइकिल पेट्रोलिंग' पहल को बीट पुलिसिंग और सामुदायिक जुड़ाव का एक असरदार मॉडल करार दिया है। यह दौरा तब हो रहा है जब मणिपुर लंबे समय से जातीय तनाव और सुरक्षा चुनौतियों से जूझ रहा है।
साइकिल पेट्रोलिंग: जमीनी पुलिसिंग का नया तरीका
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कई पहाड़ी जिलों में शुरू की गई साइकिल पेट्रोलिंग पहल इलाके की बारीक निगरानी और पुलिस-जनता के बीच सीधे संवाद को संभव बनाती है। डीजीपी मुकेश सिंह ने इसे न केवल किफायती बल्कि समुदाय के साथ विश्वास बनाने का कारगर जरिया बताया। यह मॉडल खासतौर पर उन इलाकों में उपयोगी है जहाँ भारी वाहनों की पहुँच सीमित है।
मुख्य घटनाक्रम: काकचिंग और चंदेल का दौरा
डीजीपी मुकेश सिंह ने अपर पुलिस महानिदेशक (कानून एवं व्यवस्था) लहरी दोरजी ल्हाटू के साथ काकचिंग जिले, लेइकन स्थित 8वीं मणिपुर राइफल्स बटालियन के मुख्यालय और चंदेल जिले का दौरा किया। काकचिंग में उन्होंने जिला पुलिस की तैयारी की समीक्षा की और सीएपीएफ तथा केंद्रीय एजेंसियों के अधिकारियों के साथ बैठक की।
इस बैठक में देश-विरोधी तत्वों और ड्रग तस्करों के खिलाफ निरंतर अभियान, अवैध हथियारों और गोला-बारूद की बरामदगी, और मामलों के त्वरित निपटारे पर विशेष जोर दिया गया। लेइकन में 8वीं मणिपुर राइफल्स के मुख्यालय में विभिन्न पोस्ट और आउटपोस्ट पर तैनाती, स्टैटिक गार्ड ड्यूटी और कानून-व्यवस्था संबंधी कार्यों की समीक्षा की गई।
इम्फाल में उच्चस्तरीय बैठक और ऑपरेशनल समीक्षा
इम्फाल स्थित पुलिस मुख्यालय में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में डीजीपी ने मणिपुर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों और स्पेशल कमांडो यूनिट के कमांडरों को संबोधित किया। ब्रीफिंग में ऑपरेशनल तैयारी, पेशेवर अनुशासन और राज्य की सुरक्षा चुनौतियों से सामूहिक रूप से निपटने पर बल दिया गया।
गौरतलब है कि मुकेश सिंह इससे पहले लद्दाख में पुलिस महानिदेशक के पद पर कार्यरत थे। उन्होंने 1 जून 2026 को मणिपुर पुलिस प्रमुख का कार्यभार संभाला और तभी से इम्फाल घाटी और पहाड़ी क्षेत्रों के जिलों का लगातार दौरा कर रहे हैं।
चंदेल में सामुदायिक संगठनों से संवाद
चंदेल जिले में डीजीपी ने जिला पुलिस अधिकारियों, विभिन्न सामुदायिक संगठनों (सीएसओ) के प्रतिनिधियों और असम राइफल्स के अधिकारियों के साथ संवाद किया। उन्होंने शांति और सद्भाव बनाए रखने में जिला पुलिस और सीएसओ के बीच समन्वय की सराहना की तथा लोक-केंद्रित पुलिसिंग पर जोर दिया।
उन्होंने चंदेल जिले के युवाओं को आगामी मणिपुर पुलिस भर्ती रैली में भाग लेने और राज्य की पुलिस बल को सुदृढ़ करने में योगदान देने के लिए प्रोत्साहित किया।
आगे की राह
डीजीपी ने अधिकारियों और जवानों को आश्वस्त किया कि उत्कृष्ट पेशेवर प्रदर्शन करने वालों को उचित पुरस्कार दिया जाएगा। यह दौरा संकेत देता है कि नई पुलिस नेतृत्व मणिपुर में जमीनी स्तर की पुलिसिंग को पुनर्जीवित करने और सुरक्षा बलों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के प्रति गंभीर है।